"प्रेम ही सत्य है"
"नारी-मन के प्रतिपल बदलते भाव जिसमें जीवन के सभी रस हैं। " मीनाक्षी
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हिन्दी सागर
Living Life in Lens
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मंगलवार, 9 सितंबर 2008
ईरान के नन्हे आर्यान का हिन्दी प्रेम
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पिछले दिनों पहली बार दिल और दिमाग ब्लॉग जगत से पूरी तरह से आज़ाद था... एक नन्हें नटखट बच्चे में गज़ब का आकर्षण, जिसने अपनी मीठी प्यारी बातो...
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रविवार, 7 सितंबर 2008
एक साल का नन्हा सा चिट्ठा
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एक डाल पर बैठा पंछी पंखों को खुजलाए आसमान में उड़ने को जैसे ललचाए .... की-बोर्ड का मन भी मस्ती से लगा मचलने जड़ सी उंगलियाँ मेरी तेज़ी से लगीं ...
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रविवार, 17 अगस्त 2008
मेरे भैया ....मेरे चन्दा.... !
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रक्षाबन्धन के दिन सुबह से ही 'मेरे भैया , मेरे चन्दा' गीत गुनगुनाते हुए आधी रात हो गई....... 11 साल की थी मैं जब नन्हा सा भाई आया हम...
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शुक्रवार, 15 अगस्त 2008
झंडा ऊँचा रहे हमारा
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"विजयी विश्व तिरंगा प्यारा, झंडा ऊँचा रहे हमारा इसकी शान न जाने पाए, चाहे जान भले ही जाए" -- "श्री श्...
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बुधवार, 13 अगस्त 2008
उसकी मुस्कान भूलती नहीं
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टाइम टू ग्लो अप --- पहली हैड लाइन को पढ़कर अचानक उसके मुस्कुराते चेहरे पर नज़र गई... 10-12 साल के इस लड़के के चेहरे पर गज़ब की मुस्कान च...
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गुरुवार, 7 अगस्त 2008
सुलगे मन में जीने की इच्छा सुलगी
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जले हुए तन से कहीं अधिक पीड़ा थी सुलगते मन की गुलाबी होठों की दो पँखुडियाँ जल कर राख हुई थीं बिना पलक की आँखें कई सवाल लिए खुली थीं माँ बाब...
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बुधवार, 6 अगस्त 2008
प्रेम चमकते हीरे सा.. !
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प्रेम का भाव, उस भाव के आनन्द की अनुभूति...इस पर बहुत कुछ लिखा गया है.. अक्सर बहस भी होती है लेकिन बहस करने से इस विषय को जाना-समझा ही नही...
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