"प्रेम ही सत्य है"
"नारी-मन के प्रतिपल बदलते भाव जिसमें जीवन के सभी रस हैं। " मीनाक्षी
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सोमवार, 12 मई 2014
सुबह का सूरज
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ऊँची ऊँची दीवारों के उस पार से विशाल आसमान खुले दिल से मेरी तरफ सोने की गेंद उछाल देता है लपकना भूल जाती हूँ मैं टकटकी ...
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