Thursday, May 21, 2009

किसके दिल में है क्या किसे पता

उड़न तश्तरी की आज की पोस्ट ने इस गीत की याद दिला दी .....यह गीत सुन रहे है जो समीरजी की आज की पोस्ट पर सही लगा.....आप भी सुनिए लेकिन वहाँ से लौटते हुए ..... अबूझमाड़! --- मात्र यह टिप्पणी किस ब्लॉगर का हो सकती है....यह भी बताइए.....




देखो जो गौर से

चेहरे के पीछे भी – 2 चेहरा है
सोचो जो गौर से
पर्दे के पीछे भी – 2 पर्दा है
गहरा गहरा राज़ गहरा बड़ा
किसके दिल में है क्या किसे पता – 2
0000000......


देखो जो गौर से
चेहरे के पीछे भी – 2 चेहरा है
सोचो जो गौर से
पर्दे के पीछे भी – 2 पर्दा है
गहरा गहरा राज़ गहरा बड़ा
किसके दिल में है क्या किसे पता – 2
000000.......


डूबा कोई सोच में, कोई धन दौलत से यहाँ मगरूर है
कोई फसाँ चाल में, कोई तो शोहरत से यहाँ मश्हूर है
जुदा सबकी मज़िले, जुदा सबकी राहें
जुदा सबकी चाहतें जुदा
गहरा गहरा राज़ गहरा बड़ा
किसके दिल में है क्या किसे पता – 2
0000000.....


टूटा नशा प्यार का, झिलमिल शमाँ जो जल रही बेनूर है
झूठा यकीन यार का, लोगों ज़माने का यही दस्तूर है
ज़रा सी है बेअसर दिलों की आहें, वफा में भी तो है ज़फा
गहरा गहरा राज़ गहरा बड़ा
किसके दिल में है क्या किसे पता – 2

16 comments:

Nirmla Kapila said...

ji bilkul sahi kaha ab ye likhte huye apke dil me kya hai hame kya pata achhi rachna hai

दिनेशराय द्विवेदी Dineshrai Dwivedi said...

बहुत सही गीत चुना है। बहुत कुछ कहता है।

नीरज गोस्वामी said...

सटीक गीत...वाह...
नीरज

डॉ .अनुराग said...

नहले पे दहला !

अनुपम अग्रवाल said...

किसके दिल में है क्या किसे पता
किससे मिल के कैसे ये करें पता

काजल कुमार Kajal Kumar said...

जितना कम कहा उतना ही ज्यादा कहा.

लावण्यम्` ~ अन्तर्मन्` said...

Very very True Minaxi ji

रंजना [रंजू भाटिया] said...

बहुत सही गीत चुना आपने :) बढ़िया लगा

शोभना चौरे said...

sach kisi ke dil me kya hai koi nhi jan skta keval anuman lga skte hai .

parde ki aatm ktha mere blog par pdhiyega .

Anonymous said...

जी मीनाक्शी गीत सही है किसी के दिल की तो बात क्या जाने अपनोँ क़ॆ साथ रहते हुए भी हम उनके मन की तह तक पहुँच नही पाते .हर लम्हा एक़ हैरानी ले कर आता है इसी का नाम जिन्दगी है.

दीपासिंहँ said...

मीनाक्शीजी मैँ ही अनौनिमस हूँ नौवॆ कमेंट मे.....दीपा

Udan Tashtari said...

ये सही गीत निकाला गया है.. :)

Udan Tashtari said...

और ये टिप्पणी तो फुरसतिया के सिवाय कौन लिख सकता है इतनी लम्बी!!!!!!!!!!!!!!

Science Bloggers Association said...

पर हमारे दिल में आपके लिए ढेर सारी प्रशंसा है, और यह आपको ही नहीं अब सबको पता है।

-Zakir Ali ‘Rajnish’
{ Secretary-TSALIIM & SBAI }

गौतम राजरिशी said...

अहा !

अनूप शुक्ल said...

वाह! वाह!